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प्रकाशितकोशों से अर्थ सम्पादन

शब्दसागर सम्पादन

आँवा संज्ञा पुं॰ [सं॰ आपाक— आँवा] वह गड्ढा जिसमें कुम्हार लोग मिट्टी के बरतन पकाते हैं । जैसे, — कुम्हार आँवा लगा रहा है । क्रि॰ प्र॰ — लगाना । मुहा॰— आँवाँ का आँवाँ बिगड़ाना = सारे परिवार का बिगड़ना । सारे परिवार का कुत्सित विचार होना । आँवाँ । बिगड़ना = आवें क् बरतनों का ठीक ठीक न पकना ।